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कथा बीजी-II एक उत्कृष्ट उपज और रेशे के लिए तैयार किया गया, प्रदर्शन-उन्मुख बीजी II संकर कपास का बीज है। इसके बड़े आकार के फली, 35-37% जिनिंग आउटपुट और 31-31.5 मिमी की स्टेपल लंबाई के साथ, यह सुनिश्चित करता है कि आपकी फसल जिनिंग मिलों और कपड़ा बाजारों में अलग दिखे।
मध्य और दक्षिण भारत के सिंचित कपास क्षेत्रों के लिए विशेष रूप से विकसित, कथा बीजी-II लंबी फसल अवधि और उच्च स्पिनेबल काउंट क्षमता के माध्यम से लगातार फसल प्रदर्शन और बेहतर लाभ सुनिश्चित करता है।
कथा बीजी-II क्यों चुनें?
लंबी फसल अवधि: इष्टतम फली विकास और वजन वृद्धि के लिए 170-180 दिन।
बड़ा फली वजन: प्रत्येक फली का वजन 6.0-6.5 ग्राम है, जिससे प्रति एकड़ लिंट की उपज में सुधार होता है।
उच्च जिनिंग प्रतिशत: 35-37% जिनिंग आउटपुट अधिक उपयोगी रेशा सुनिश्चित करता है।
प्रीमियम फाइबर लंबाई: महीन कताई के लिए 31–31.5 मिमी की स्टेपल लंबाई।
उच्च कताई योग्य काउंट: प्रीमियम फैब्रिक बाजारों की जरूरतों को पूरा करते हुए 50–60 काउंट के धागे के उत्पादन के लिए उपयुक्त।
क्षेत्र-विशिष्ट उपयुक्तता: भारत के मध्य और दक्षिणी कपास क्षेत्रों के सिंचित इलाकों के लिए आदर्श।
उत्पाद विनिर्देश
पैरामीटर
विवरण
ब्रांड
कथा
प्रकार
बीजी II हाइब्रिड कपास के बीज
फसल अवधि
170-180 दिन
पौधे की ऊंचाई
160-170 सेमी
पौधे का आकार
मध्यम लंबा, झाड़ीदार
कोशिका का वजन
6.0-6.5 ग्राम
जिनिंग प्रतिशत
35-37%
स्टेपल की लंबाई
31-31.5 मिमी
कताई योग्य काउंट
50-60 काउंट
उपयुक्तता
सिंचाई वाले क्षेत्र
कपास क्षेत्र
मध्य और दक्षिण भारत
कथा बीजी-II कपास के बीजों का उपयोग कैसे करें
भूमि की तैयारी: मिट्टी की नमी और संरचना को बनाए रखने के लिए गहरी जुताई और हैरोइंग करें।
बुवाई विधि: बीजों को सटीक रूप से बोने के लिए डिबलिंग विधि का प्रयोग करें।
पौधों के बीच की दूरी: पंक्तियों के बीच 4-5 फीट और पौधों के बीच 2 फीट की दूरी रखें।
बुवाई का समय: मानसून से पहले या मानसून की शुरुआत में बोना आदर्श है (क्षेत्रीय कृषि विज्ञान के अनुसार)।
बीज उपचार: बुवाई से पहले बीजों को फफूंदनाशक/कीटनाशक से उपचारित करें।
सिंचाई: निर्धारित समय पर सिंचाई करें, विशेष रूप से फूल आने और फली बनने की अवस्था में।
किसानों के अनुभव
“कथा बीजी-II से भारी फलियाँ प्राप्त हुईं और जिनिंग मिलों ने इसके रेशे की गुणवत्ता की सराहना की। बेहतर स्टेपल लंबाई के कारण इससे अधिक कीमत मिली।”
– विजय कुमार, कर्नाटक
“फसल की ऊँचाई और झाड़ीनुमा आकार के कारण खेत प्रबंधन आसान रहा। उत्कृष्ट जिनिंग प्रतिशत और बाजार में अच्छा लाभ प्राप्त हुआ।”
– प्रवीण देशमुख, महाराष्ट्र
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न – कथा बीजी-II संकर कपास के बीज
प्रश्न: कथा बीजी-II को प्रीमियम संकर क्या बनाता है?
उत्तर: इसके उच्च फली भार, उत्कृष्ट रेशे की लंबाई और जिनिंग दक्षता का संयोजन इसे उच्च गुणवत्ता वाले कपास बाजारों के लिए आदर्श बनाता है।
प्रश्न: यह संकर किस्म कहाँ सबसे उपयुक्त है?
उत्तर: यह मध्य और दक्षिण भारत के सिंचित क्षेत्रों में सर्वोत्तम प्रदर्शन करती है।
प्रश्न: यह कपास किस काउंट के धागे के लिए उपयुक्त है?
उत्तर: इसका रेशा 50-60 काउंट के धागे की कताई के लिए उपयुक्त है, जो महीन वस्त्रों के लिए आदर्श है।
प्रश्न: क्या इसे किसी विशेष मृदा उपचार की आवश्यकता है?
उत्तर: अच्छी नमी संरक्षण के साथ मानक मृदा तैयारी सर्वोत्तम परिणामों के लिए पर्याप्त है।
भंडारण एवं सुरक्षा सुझाव
बीजों को ठंडी, सूखी और छायादार जगह पर संग्रहित करें।
अंकुरण को बनाए रखने के लिए बीजों को सीधी धूप और नमी से दूर रखें।
बीजों का उपयोग मौसम के भीतर करें और पुन: उपयोग के लिए उन्हें संग्रहित न करें।
बच्चों, जानवरों और खाद्य स्रोतों की पहुँच से दूर रखें।
अस्वीकरण: फसल का प्रदर्शन क्षेत्र, जलवायु और कृषि प्रबंधन के आधार पर भिन्न होता है। स्थानीय मार्गदर्शन के लिए अपने स्थानीय कृषि विशेषज्ञ से परामर्श लें।